फिर से- १



चलो फिर से इश्क किया जाए, 
दर्द से दिल्लगी की जाए, 
टूटे हुए टुकड़ों को उठा कर, 
गहरे ज़ख्मों को भुला कर,
फिर उन्ही जज़्बातों को,
उन्हीं शबाबी रातों को,
याद करके,
थोड़ा हंसा जाए  
थोड़ा रोया जाए,
चलो, फिर से, इश्क किया जाए।

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